The Hidden Truth Behind Candle Blending | 99% Traders Don’t Know This | DCB Phase 4
YouTube transcript, YouTube translate
A quick preview of the first subtitles so you know what the video covers.
वेलकम बैक गाइस। कैंडल ब्रेन डिकोडिंग या इंस्टीट्यूशनल कैंडल रीडिंग के फोर्थ वीडियो में आप लोग का स्वागत है। और इस वीडियो में हम लोग बात करेंगे कि कैंडल्स को ब्लेंड कैसे करें? मतलब आपके सामने सिंगल कैंडल के अलावा भी ड्यूल कैंडल स्ट्रक्चर्स दिखते हैं। तीन कैंडल के स्ट्रक्चर्स दिखते हैं और कई अलग-अलग टाइप के कॉम्बिनेशंस दिखते हैं। जिनको हम लोग कई बार हेरेमी कैंडल्स कहते हैं या इनसाइड बार्स कहते हैं। एक्चुअली उन कैंडल्स का मतलब क्या है? उन कैंडल्स को कैसे डिकोड करें? चलिए इस वीडियो में हम लोग वह समझते हैं। कैंडल कॉम्बिनेशंस को हम लोग देखते हैं। जैसे कि यहां पे देखिए एक ग्रीन कलर की कैंडल है और इस कैंडल के अपर वीक लोअर वीक है। यह ओपन यह क्लोज यह हाई और यह लो। और आपके पास एक और कैंडल है रेड कलर की। और इस रेड कलर की कैंडल में ये आपको यह बॉडी है। ये अपर वीक है। ये लोअर विक है। आपके सामने इस तरीके का दो कैंडल दिख रहा है। इन कैंडल्स को ब्लेंड कैसे करें? ब्लेंडिंग का यूज़ कहां होगा? किसी इंपॉर्टेंट लेवल के पास, किसी मेजर डिमांड या सप्लाई ज़ोन के पास। आप इसको बोले कि कहीं इंपॉर्टेंट प्राइस एक्शन हो रहा है। वहां पर ब्लेंडिंग का सबसे ज्यादा यूज़ होता है। और यह सिर्फ टाइम फ्रेम कॉम्बिनेशन नहीं है। यहां पे डाटा कॉम्बिनेशन जितना ट्रांजैक्शन हो रहा है दो अलग-अलग कैंडल्स में उन ट्रांजैक्शंस को अगर कंबाइन करें तो मार्केट का बिहेवियर क्या दिखेगा? और यहां पे सिर्फ दो कैंडल्स की भी बात नहीं हो रही है। आप जब कैंडल ब्लेंडिंग करते हैं तब कैंडल ब्लेंडिंग में आप मल्टीपल कैंडल्स को ब्लेंड कर सकते हैं। सबके लिए रूल सेम ही होगा। तो सबसे पहले